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महाकाल मंदिर में पहली बार शासन ने की सीधे प्रशासक की पदस्थापना
उज्जैन।महाकाल मंदिर में ऐसा पहली बार हो रहा है,जब शासन ने सीधे आदेश जारी कर मंदिर प्रबंध समिति में प्रशासक की पदस्थापना की है। सरकार ने उज्जैन नगर निगम के वित्त अधिकारी गणेश कुमार धाकड़ को महाकालेश्वर मंदिर का प्रशासक नियुक्त किया है।
महाकाल मंदिर अधिनियम 1982 लागू होने के बाद ऐसा पहली बार हुआ है,जब शासन ने प्रशासक पद पर किसी अधिकारी को सीधे नियुक्त किया है। महाकाल मंदिर अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार इस पद पर डिप्टी कलेक्टर स्तर के अधिकारी की पदस्थापना की जा सकती है। प्रशासक सेवानिवृत्त अधिकारी भी हो सकता है।
इसी के तहत अभी तक कलेक्टर्स द्वारा अपने अधीन अपर कलेक्टर, संयुक्त कलेक्टर, डिप्टी
कलेक्टर और सेवानिवृत्त अधिकारियों को उनकी मूल जिम्मेदारी के साथ महाकाल मंदिर प्रबंध समिति प्रशासक का प्रभार भी दिया जाता रहा है। इसमें कई सेवानिवृत्त अधिकारियों शामिल रहे। इधर शासन ने पहली बार महाकाल मंदिर अधिनियम 1982 की धारा 16 (1) में प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए गणेश कुमार धाकड सहायक संचालक, मध्यप्रदेश वित्त सेवा अधिकारी वर्तमान पदस्थापना वित्त अधिकारी नगर निगम को आगामी आदेश तक महाकालेश्वर मंदिर का प्रशासक नियुक्त किया है।
इस संबंध में प्रदेश सरकार अध्यात्म विभाग मंत्रालय ने सिंगल आदेश जारी किए है। बता दे की धाकड नगर निगम के वित्त अधिकारी की जिम्मेदारी के साथ-साथ महाकालेश्वर मंदिर में सहायक प्रशासक का कार्य भी देख रहे थे। अब शासन ने धाकड को प्रशासक नियुक्त कर दिया हैं।